MBBS के लिए भारत जैसा देश-बांग्लादेश, जानिए क्यों एवं कैसे अन्य सभी देशों से बेहतर हैं?

अन्य देश जैसे रूस, जॉर्जिया, चीन, यूक्रेन, कजाखस्तान, कीर्गिस्तान, बेलारूस, फिलीपींस, ताजीकिस्तान में भारत जैसा माहौल (मौसम, रहन-सहन, भोजन, भाषा, बीमारियां, पढाई का तरीका, हॉस्पिटल एवं दवाईयां ) ना होने से भारतीय छात्र-छात्राओं को रहने एवं पढ़ने में कई तरह की तकलीफ उठानी पड़ती हैं, मौसम अत्यधिक ठंडा होने एवं स्थानीय भाषा की पढाई के लिए अलग से क्लास जरुरी होने से अतिरिक्त समय ख़राब होता हैं, बांग्लादेश का MCI की परीक्षा का परिणाम अन्य सभी देशों से बेहतर हैं

यहाँ शराब पर प्रतिबन्ध हैं जो विद्यार्थिओं को बुरी संगत, बुरे माहौल एवं अतिरिक्त खर्च से बचाता हैं एवं भारतीय सभ्यता से भी जोड़े रखता है, भारतीय विद्यार्थिओं को यहाँ विशेष सम्मान की नजर से देखा जाता हैं क्यों की भारत एवं बांग्लादेश के सम्बन्ध सबसे बेहतर हैं एवं दोनों देश हर स्थिति में एक दूसरे को सहयोग के लिए तत्पर रहते है

बांग्लादेश में विद्यार्थिओं की देखभाल एवं सुरक्षा के लिए किसी को साथ रहने की जरुरत नहीं होती एवं MCI की कोचिंग की जरुरत भी नहीं होती, क्यों अन्य कई देशों में पहले वर्ष से MCI कोचिंग एवं भारतीय केयर टेकर का झांसा दिया जाता हैं ? “भारतीय बॉडीगार्ड एवं MCI कोचिंग को सुविधा बताने वाले लोगों से यह जरूर पूछें की इन चीजों की जरुरत क्यों पड़ती हैं”, क्या यह अन्य देश सुरक्षित नहीं हैं, क्या यहाँ पढ़ने के बाद MCI की परीक्षा पास करना इतना मुश्किल होता है की अतिरिक्त तैयारी की जरुरत पड़ती हैं

बांग्लादेश में केवल इस वर्ष अथवा पिछले वर्ष में अच्छे अंकों से (न्यूनतम 7 GPA/प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण ) बारहवीं पास हुए विद्यार्थिओं को ही प्रवेश मिलता हैं जो बांग्लादेश के पढाई के स्तर को तय करता हैं, अन्य देशों में 40 एवं 50 प्रतिशत से पास हुए विद्यार्थिओं को भी प्रवेश मिल जाता हैं, जो उनकी पढाई के स्तर, गुणवत्ता एवं माहौल को तय करता हैं और इसी कारण से अन्य देशों से आने वाले विद्यार्थिओं को MCI/FMGE की परीक्षा पास करने में परेशानी होती हैं